उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया गया है। डीजीपी मुख्यालय ने गुरुवार को 206 पीपीएस अधिकारियों के तबादले के आदेश जारी कर दिए। इस बड़े फेरबदल में राजधानी लखनऊ में तैनात करीब एक दर्जन अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। सरकार और पुलिस मुख्यालय की तरफ से इसे नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया बताया जा रहा है, लेकिन राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इसे आगामी चुनावी तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक चुनाव आयोग के नियमों के तहत लंबे समय से एक ही जिले में तैनात अधिकारियों को चुनाव से पहले हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। माना जा रहा है कि 2027 विधानसभा चुनाव को देखते हुए पुलिस व्यवस्था को नए सिरे से संतुलित करने की कोशिश की जा रही है। ऐसे बदलावों का सीधा असर कानून-व्यवस्था और चुनावी प्रबंधन पर पड़ता है, इसलिए इस सूची पर सभी की नजर बनी हुई है।
मुख्यमंत्री सुरक्षा से कमिश्नरेट तक, कई अहम तैनातियां बदलीं
जारी तबादला सूची में मुख्यमंत्री सुरक्षा, पुलिस कमिश्नरेट, पीएसी और अलग-अलग जिलों में तैनात अधिकारियों को नई पोस्टिंग दी गई है। मुख्यमंत्री सुरक्षा में तैनात जितेंद्र कुमार को शाहजहांपुर भेजा गया है। वहीं लखनऊ कमिश्नरेट में तैनात विकास कुमार जायसवाल को मुख्यमंत्री सुरक्षा की जिम्मेदारी दी गई है।
गोरखपुर में तैनात उदय प्रताप सिंह द्वितीय को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट में सहायक पुलिस आयुक्त बनाया गया है। राजधानी में तैनात सतीश कुमार राय को मेरठ स्थित पीएसी की छठी वाहिनी भेजा गया है। वहीं सहायक पुलिस आयुक्त अभय कुमार मल्ल का तबादला बलरामपुर कर दिया गया है।
महोबा के गौरव उपाध्याय और अंबेडकरनगर के शुभम कुमार को भी लखनऊ कमिश्नरेट में नई जिम्मेदारी मिली है। दोनों को सहायक पुलिस आयुक्त के पद पर तैनात किया गया है।
लखनऊ कमिश्नरेट में कई नए चेहरे, कुछ अफसर मुख्यालय पहुंचे
राजधानी लखनऊ में इस बार सबसे ज्यादा हलचल देखने को मिली है। मुख्यमंत्री सुरक्षा से वाराणसी कमिश्नरेट भेजे गए राजेश कुमार सिंह को अब लखनऊ कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। कासगंज में तैनात शाहिदा नसरीन को भी राजधानी बुलाया गया है।
वहीं शिप्रा पांडेय को लखनऊ से हटाकर डीजीपी मुख्यालय में आईजी कानून-व्यवस्था कार्यालय में भेजा गया है। इसके अलावा रामपुर से अतुल कुमार पांडेय, कानपुर से अभिषेक कुमार पांडेय और रंजीत कुमार को भी लखनऊ कमिश्नरेट में नई पोस्टिंग मिली है।
नोएडा कमिश्नरेट में तैनात महेश त्यागी और पीलीभीत के प्रतीक दहिया को भी राजधानी में जिम्मेदारी दी गई है। पुलिस विभाग के भीतर इसे रणनीतिक पोस्टिंग माना जा रहा है, क्योंकि लखनऊ प्रशासनिक और राजनीतिक दोनों दृष्टि से बेहद संवेदनशील माना जाता है।
चुनावी तैयारी के संकेत के तौर पर देखा जा रहा फैसला
पुलिस अधिकारियों के इस बड़े पैमाने पर तबादले को केवल नियमित प्रक्रिया नहीं माना जा रहा। प्रशासनिक जानकारों का कहना है कि चुनाव से पहले कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार और पुलिस मुख्यालय सतर्कता बढ़ा रहे हैं।
इसी क्रम में अनुष्का को प्रयागराज स्थित पीएसी की चतुर्थ वाहिनी, सुरेंद्र शर्मा को बरेली की आठवीं वाहिनी पीएसी और वीरेंद्र विक्रम को कानपुर कमिश्नरेट भेजा गया है। वहीं विनय कुमार द्विवेदी को मुजफ्फरनगर, राजकुमार सिंह द्वितीय को प्रयागराज कमिश्नरेट और अनिद्य विक्रम सिंह को गाजीपुर में नई जिम्मेदारी दी गई है। अभिनव यादव द्वितीय को एटीएस में तैनात किया गया है।
आने वाले समय में पुलिस विभाग में और भी बदलाव देखने को मिल सकते हैं। फिलहाल इस तबादला सूची ने प्रदेश के प्रशासनिक गलियारों में हलचल जरूर बढ़ा दी है।


