लखनऊ वेलनेस सिटी में किसानों के लिए बड़ा तोहफा! 10 एकड़ जमीन देने वालों को ग्रीन कॉरिडोर के पास मिलेगा प्राइम प्लॉट

लखनऊ वेलनेस सिटी में किसानों के लिए बड़ा तोहफा! 10 एकड़ जमीन देने वालों को ग्रीन कॉरिडोर के पास मिलेगा प्राइम प्लॉट

लखनऊ में बनने जा रही वेलनेस सिटी योजना अब तेजी से आकार लेने लगी है और इसके साथ ही जमीन देने वाले किसानों के लिए बड़ा फायदा भी तय किया गया है। लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने साफ किया है कि जो किसान 10 एकड़ या उससे अधिक जमीन लैंड पूलिंग के तहत देंगे, उन्हें ग्रीन कॉरिडोर के पास प्राइम लोकेशन पर विकसित भूखंड आवंटित किए जाएंगे। इस फैसले का मकसद किसानों को बेहतर रिटर्न देने के साथ-साथ योजना में उनकी भागीदारी बढ़ाना है।

एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि ग्रीन कॉरिडोर के आसपास की जमीन ऐसे किसानों के लिए आरक्षित रखी जाए। यह इलाका भविष्य में बेहतर कनेक्टिविटी और विकास के लिहाज से सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

485 हेक्टेयर में बस रही है नई वेलनेस सिटी

एलडीए के अनुसार, यह महत्वाकांक्षी परियोजना सुलतानपुर रोड और किसान पथ के बीच लगभग 485 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित की जा रही है। इसके लिए बक्कास, मलूकपुर ढकवा, चौरहिया, चौरासी, दुलारमऊ, नूरपुर बेहटा और मस्तेमऊ गांवों की जमीन चिन्हित की गई है।

भविष्य में इस पूरे क्षेत्र को मेडी सिटी के रूप में विकसित करने की योजना है। यहां सुपर स्पेशलिटी अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, डायग्नोस्टिक सेंटर, विपश्यना केंद्र और मेडिटेशन सेंटर जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। यानी यह केवल आवासीय योजना नहीं होगी, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं पर आधारित एक आधुनिक शहरी केंद्र के रूप में तैयार की जाएगी।

10 एकड़ देने वालों को मिलेगा खास फायदा

एलडीए की लैंड पूलिंग नीति के तहत बड़े किसानों के लिए विशेष प्रावधान किया गया है। उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि जो किसान योजना के लिए 10 एकड़ या उससे अधिक जमीन देंगे, उन्हें उनके हिस्से के 50 प्रतिशत अविकसित भूखंड ग्रीन कॉरिडोर के नजदीक दिए जाएंगे।

इन भूखंडों के आसपास सड़क, बाहरी विकास और अन्य बुनियादी सुविधाओं का काम एलडीए कराएगा। ग्रीन कॉरिडोर से जुड़ाव होने के कारण इन प्लॉटों की पहुंच भी बेहतर होगी।

फिलहाल योजना के लिए लगभग 200 हेक्टेयर जमीन के लैंड पूलिंग प्रस्ताव मिल चुके हैं। पहले चरण में लॉटरी के जरिए 125 विकसित भूखंड किसानों को आवंटित किए जा चुके हैं। अगले महीने फिर लॉटरी के माध्यम से करीब 200 और प्लॉट दिए जाने की तैयारी है।

6.5 किलोमीटर का ग्रीन कॉरिडोर बनेगा सबसे बड़ा आकर्षण

वेलनेस सिटी की सबसे खास परियोजनाओं में 6.5 किलोमीटर लंबा और 24 मीटर चौड़ा ग्रीन कॉरिडोर शामिल है। यह कॉरिडोर शहीद पथ को किसान पथ से जोड़ेगा और इसके साथ वेलनेस सिटी के चार मुख्य मार्गों को भी जोड़ा जाएगा।

पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से महज आधा किलोमीटर की दूरी पर स्थित इस परियोजना में 60 मीटर से 24 मीटर तक चौड़ी सड़कें विकसित की जा रही हैं। इससे भविष्य में यहां आने-जाने की सुविधा और निवेश की संभावनाएं दोनों मजबूत होंगी।

CG सिटी में भी तेज हुआ विकास

एलडीए ने वेलनेस सिटी के साथ-साथ CG सिटी में भी कई परियोजनाओं को गति दी है। यहां अर्बन वेटलैंड के पास कार्निवल 365 विकसित किया जा रहा है, जिसमें फूड कियोस्क, बच्चों के लिए इनडोर और आउटडोर गेम्स तथा झूलों जैसी सुविधाएं होंगी। अधिकारियों को इसे दो महीने के भीतर शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।

इसके अलावा लगभग 40 करोड़ रुपये की लागत से 1500 मीटर लंबा बॉक्स ड्रेन बनाया जा रहा है। इससे CG सिटी और आसपास की 10 से अधिक निजी टाउनशिप में बारिश के पानी की निकासी बेहतर होगी। वेटलैंड में आने वाले प्रवासी पक्षियों की जानकारी देने के लिए एक इंटरप्रिटेशन सेंटर भी तैयार किया जा रहा है।

एलडीए का मानना है कि इन परियोजनाओं से लखनऊ के दक्षिणी हिस्से में योजनाबद्ध शहरी विकास को नई गति मिलेगी। वहीं, लैंड पूलिंग के जरिए किसानों को बेहतर लोकेशन पर भूखंड देने की नीति इस योजना की सबसे बड़ी खासियत बनकर उभर रही है।