PM मोदी के जन्मदिन पर BJP का मेगा जनसंपर्क अभियान, 10-10 टीमें वाराणसी-वडनगर से निकलेंगी, 30 दिन में पूरा होगा सफर

PM मोदी के जन्मदिन पर BJP का मेगा जनसंपर्क अभियान, 10-10 टीमें वाराणसी-वडनगर से निकलेंगी, 30 दिन में पूरा होगा सफर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर को बीजेपी देशभर में बड़े जनसंपर्क अभियान की शुरुआत करने की तैयारी में है। इस अभियान का फोकस सिर्फ एक दिन के कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहेगा। पार्टी करीब 30 दिनों तक अलग-अलग राज्यों में पहुंचकर केंद्र की मोदी सरकार और बीजेपी शासित राज्यों के कामकाज को जनता के बीच रखने की योजना बना रही है।

अभियान की खास बात इसका यात्रा मॉडल है। वाराणसी और वडनगर से 10-10 टीमें रवाना होंगी। वाराणसी से निकलने वाली टीमें करीब एक महीने की यात्रा के बाद वडनगर पहुंचेंगी, जबकि वडनगर से शुरू होने वाली टीमें वाराणसी तक का सफर पूरा करेंगी। हर टीम रोजाना करीब 100 किलोमीटर की दूरी तय करेगी।

यात्रा के दौरान कार्यकर्ता अलग-अलग राज्यों और इलाकों में लोगों से संपर्क करेंगे। तय पड़ावों पर सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

20 टीमें, 30 दिन और रोज 100 किलोमीटर का सफर

बीजेपी के इस अभियान को बड़े स्तर के जनसंपर्क कार्यक्रम के तौर पर देखा जा रहा है। वाराणसी और वडनगर, दोनों जगहों से 10-10 टीमें यानी कुल 20 टीमें यात्रा पर निकलेंगी।

हर टीम में 10 से ज्यादा बाइकर्स के साथ बसें और पार्टी कार्यकर्ता शामिल होंगे। यात्रा का एक स्पष्ट लक्ष्य रखा गया है—रास्ते में पड़ने वाले क्षेत्रों तक संगठन और सरकार के काम का संदेश पहुंचाना।

हर दिन करीब 100 किलोमीटर की यात्रा के बाद टीम जिस स्थान पर रुकेगी, वहां पहले से तय चार कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में केंद्र की मोदी सरकार के साथ संबंधित बीजेपी शासित राज्य की उपलब्धियों को भी लोगों के सामने रखा जाएगा।

यानी पार्टी का फोकस सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित रहने के बजाय यात्रा के रास्ते में आने वाले अलग-अलग क्षेत्रों तक पहुंच बनाने पर रहेगा।

वाराणसी से वडनगर तक जाएगा सरकार के काम का संदेश

इस अभियान में वाराणसी और वडनगर को शुरुआती और अंतिम पड़ाव के तौर पर जोड़ा गया है। दोनों शहरों से शुरू होने वाली यात्राएं एक-दूसरे की दिशा में आगे बढ़ेंगी।

यात्रा के दौरान बीजेपी कार्यकर्ता केंद्र सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों के बारे में लोगों से संवाद करेंगे। साथ ही बीजेपी सरकारों के कामकाज को भी सामने रखा जाएगा।

राजनीतिक दृष्टि से ऐसे अभियानों में संगठन की जमीनी सक्रियता अहम होती है। कार्यकर्ताओं को सीधे लोगों तक पहुंचने और स्थानीय स्तर पर सरकार के काम की जानकारी साझा करने का मौका मिलता है। इस अभियान में भी पार्टी इसी मॉडल पर आगे बढ़ने की तैयारी कर रही है।

ओडिशा में ‘सेवा संकल्प’, हर घर में दीया जलाने की अपील

बीजेपी ने अलग-अलग राज्यों में अभियान को स्थानीय कार्यक्रमों से जोड़ने की भी योजना बनाई है। ओडिशा में ‘सेवा संकल्प अभियान’ चलाने की तैयारी है।

इस अभियान के तहत 17 सितंबर की शाम राज्य के लोगों से अपने-अपने घरों में एक दीया जलाने की अपील की जाएगी। राज्य के शहरी विकास मंत्री केसी मोहपात्रा को अभियान का संयोजक बनाया गया है।

मोहपात्रा के मुताबिक, एक महीने चलने वाले अभियान में स्थानीय स्तर पर कहानी सुनाने के सत्र, आंगनवाड़ी केंद्रों में जागरूकता कार्यक्रम और जिलों में ‘सेवा ज्योति यात्रा’ जैसे आयोजन किए जाएंगे।

इस तरह ओडिशा में अभियान को जनसंपर्क के साथ स्थानीय सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने की कोशिश होगी।

छत्तीसगढ़ में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक अभियान

छत्तीसगढ़ बीजेपी भी 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक एक महीने का ‘सेवा संकल्प अभियान’ चलाएगी। इसे ‘विकसित भारत 2047’ के विजन को घर-घर तक पहुंचाने वाले राष्ट्रव्यापी राजनीतिक और सामाजिक जागरूकता कार्यक्रम का हिस्सा बताया गया है।

कुल मिलाकर बीजेपी का यह अभियान प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन से शुरू होकर करीब एक महीने तक चलेगा। एक तरफ वाराणसी और वडनगर से निकलने वाली टीमें देश के अलग-अलग हिस्सों में पहुंचेंगी, तो दूसरी तरफ राज्यों में स्थानीय कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

इस पूरी कवायद का मकसद सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को सीधे जनता तक पहुंचाने के साथ संगठन की जमीनी मौजूदगी को भी सक्रिय रखना है।