चुनाव के दौरान एग्जिट पोल अक्सर माहौल बना देते हैं, लेकिन असली तस्वीर नतीजों के दिन ही साफ होती है। 2021 के विधानसभा चुनाव इसका बड़ा उदाहरण हैं। उस समय कई सर्वे पश्चिम बंगाल में भाजपा की सरकार बनने का संकेत दे रहे थे, लेकिन नतीजों ने पूरी कहानी बदल दी। वहीं, केरल और तमिलनाडु जैसे राज्यों में एग्जिट पोल काफी हद तक सही साबित हुए। अब जब 2026 के चुनावी संकेत सामने आ रहे हैं, तो यह समझना जरूरी हो जाता है कि पिछली बार सर्वे कितने सटीक थे और कहां चूक गए।
बंगाल: सबसे बड़ा उलटफेर, एग्जिट पोल पूरी तरह चूके
पश्चिम बंगाल में 2021 के एग्जिट पोल ने मुकाबला बेहद करीबी बताया था। कुछ सर्वे तो भाजपा को बढ़त तक दे रहे थे। लेकिन जब नतीजे आए, तो तृणमूल कांग्रेस ने 294 में से 215 सीटें जीतकर साफ बहुमत हासिल कर लिया, जबकि भाजपा 77 सीटों पर सिमट गई।
नीचे देखें कुछ प्रमुख एग्जिट पोल और वास्तविक नतीजों की तुलना:
| एजेंसी | टीएमसी (अनुमान) | बीजेपी (अनुमान) |
|---|---|---|
| एबीपी सी वोटर | 152-164 | 109-121 |
| रिपब्लिक CNX | 128-138 | 138-148 |
| टाइम्स नाउ | 158 | 115 |
| पी-मार्क | 152-172 | 112-132 |
| नतीजे | 215 | 77 |
यानी, बंगाल में एग्जिट पोल जमीनी सच्चाई को पकड़ने में नाकाम रहे। यही वजह है कि 2026 के सर्वे को लेकर भी सतर्कता बरती जा रही है, भले ही वे भाजपा की बढ़त दिखा रहे हों।
असम: यहां सर्वे काफी हद तक सही बैठे
असम में तस्वीर थोड़ी अलग रही। यहां ज्यादातर एग्जिट पोल ने भाजपा गठबंधन की वापसी का अनुमान लगाया था, जो लगभग सही साबित हुआ।
| एजेंसी | बीजेपी+ | कांग्रेस+ |
|---|---|---|
| सी वोटर | 58-71 | 53-66 |
| एक्सिस माय इंडिया | 75-85 | 40-50 |
| नतीजे | 76 | 49 |
हालांकि सीटों में थोड़ा अंतर जरूर था, लेकिन रुझान सही दिशा में थे। इससे यह संकेत मिलता है कि कुछ राज्यों में एग्जिट पोल जमीन के करीब भी हो सकते हैं।
तमिलनाडु और केरल: जहां अनुमान बने भरोसेमंद
तमिलनाडु में सभी एग्जिट पोल ने DMK की जीत का अनुमान लगाया था, और यह पूरी तरह सही साबित हुआ। हालांकि सीटों की संख्या का अनुमान थोड़ा ज्यादा था।
| एजेंसी | DMK+ | AIADMK+ |
|---|---|---|
| एक्सिस माय इंडिया | 175-195 | 38-54 |
| नतीजे | 159 | 75 |
वहीं, केरल में भी एग्जिट पोल ने परंपरा तोड़ते हुए LDF की लगातार दूसरी जीत का संकेत दिया था। यह अनुमान भी सही निकला।
| एजेंसी | LDF | UDF |
|---|---|---|
| एबीपी सी वोटर | 71-77 | 62-68 |
| नतीजे | 99 | 41 |
पुडुचेरी: छोटा राज्य, सटीक अनुमान
पुडुचेरी में भी एग्जिट पोल ने NDA की जीत का अनुमान लगाया था, जो नतीजों में दिखा। हालांकि सीटों की संख्या में थोड़ा अंतर रहा, लेकिन विजेता का अनुमान सही रहा।
आम मतदाता के लिए क्या संकेत?
2021 का अनुभव बताता है कि एग्जिट पोल रुझान जरूर देते हैं, लेकिन उन्हें अंतिम सच मानना जोखिम भरा हो सकता है। खासकर उन राज्यों में जहां राजनीतिक मुकाबला जटिल और बहुस्तरीय होता है। 2026 के एग्जिट पोल भले ही नई कहानी सुना रहे हों—बंगाल में भाजपा की बढ़त, केरल में सत्ता परिवर्तन—लेकिन पिछले अनुभव यह संकेत देते हैं कि अंतिम फैसला मतगणना के दिन ही होगा। मतदाता के लिए यह समझना जरूरी है कि एग्जिट पोल सिर्फ संकेत हैं, परिणाम नहीं। असली ताकत अभी भी वोट और उसकी गिनती में ही है।


