असम विधानसभा चुनाव से ठीक पहले राजनीतिक माहौल और गर्म हो गया है। Assam Police ने मंगलवार को दिल्ली में कांग्रेस नेता Pawan Khera के आवास पर तलाशी ली। यह कार्रवाई उस FIR के बाद हुई, जो असम के मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma की पत्नी Riniki Bhuyan Sarma ने दर्ज कराई है। इस घटनाक्रम ने चुनावी माहौल में नई हलचल पैदा कर दी है।
क्या है पूरा विवाद? पासपोर्ट और विदेशी संपत्ति पर आरोप
विवाद की शुरुआत तब हुई जब पवन खेड़ा और कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री की पत्नी के पास कई विदेशी पासपोर्ट हैं और विदेशों में संपत्तियां हैं। इन आरोपों में UAE, मिस्र और भारत के पासपोर्ट का जिक्र किया गया, जिसे भाजपा और खुद सरमा ने पूरी तरह खारिज कर दिया। सरमा ने कहा कि ये आरोप गलत और भ्रामक हैं और इन्हें चुनाव को प्रभावित करने के लिए फैलाया जा रहा है।
सरमा का पलटवार: ‘कड़ी कार्रवाई करेंगे’, पाकिस्तानी लिंक का आरोप
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने इस मामले में सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि वे पवन खेड़ा के खिलाफ “सबसे कड़ी कार्रवाई” करेंगे। उन्होंने यह भी दावा किया कि खेड़ा दिल्ली से हैदराबाद चले गए हैं। साथ ही, सरमा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं ने अपने दावे एक पाकिस्तानी सोशल मीडिया ग्रुप से लिए गए दस्तावेजों के आधार पर लगाए हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि “पाकिस्तान कांग्रेस नेताओं की मदद क्यों कर रहा है?”
परिवार की प्रतिक्रिया: ‘आरोप गंभीर, न्याय होना चाहिए’
Riniki Bhuyan Sarma ने कहा कि उन्होंने FIR इसलिए दर्ज कराई क्योंकि आरोप बेहद गंभीर हैं और इन्हें हल्के में नहीं लिया जा सकता। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वह “हताशा में” इस तरह की रणनीति अपना रहा है। उनका कहना है कि अब यह मामला कानून के जरिए सुलझेगा और न्याय जरूर होगा।
चुनाव से पहले सियासी टकराव चरम पर
यह पूरा विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब असम में 9 अप्रैल को मतदान होना है और प्रचार अपने अंतिम चरण में है। ऐसे में यह मामला सीधे चुनावी माहौल को प्रभावित कर सकता है। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर तीखे आरोप लगा रहे हैं, जिससे राजनीतिक तापमान और बढ़ गया है।
आगे क्या? जांच और राजनीति दोनों पर नजर
अब इस मामले में पुलिस जांच और कानूनी कार्रवाई आगे क्या मोड़ लेती है, इस पर सभी की नजर है। साथ ही, यह भी देखना होगा कि क्या यह विवाद चुनावी नतीजों पर कोई असर डालता है। फिलहाल, असम की राजनीति में यह मुद्दा सबसे ज्यादा चर्चा में बना हुआ है।

