पश्चिम बंगाल में बीजेपी की गणतंत्र बचाओं रथ यात्रा को कलकत्ता हाई कोर्ट ने मंजूरी दे दी है. ममता सरकार ने इस रथ यात्रा को सांप्रदायिक सद्भाव बिगड़ने का हवाला देते हुए मंजूरी देने से मना कर दिया था. जिसके बाद बीजेपी अध्यक्ष खुद मैदान में आ गए थे और ममत सरकार पर उन्होंने जमकर निशाना साधा था.

रथ यात्रा को मंजूरी निरंकुशता के मुंह पर तमाचा
हाई कोर्ट के निर्णय के बाद बीजेपी नेता कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि, ‘हम इस फैसले का स्वागत करते हैं और हमें न्यायपालिका पर भरोसा था कि हमें न्याय मिलेगा। यह निर्णय निरंकुशता के मुंह पर तमाचा है।’ कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि काल्पनिक आधार पर यह तय नहीं हो सकता कि रथ यात्रा से कोई खतरा है.
न्यायपालिका के निर्णय का हम स्वागत करते है हमें विश्वास था कि हमें न्याय मिलेगा
ये प्रजातंत्र की जीत है और तानाशाही की हार है pic.twitter.com/a8vtQoXPOy— Kailash Vijayvargiya (@KailashOnline) December 20, 2018
अरुण जेटली ने साधा विपक्ष पर निशाना
रथ यात्रा को मंजूरी मिलने के बाद अरुण जेटली ने भी कोर्ट के फैसला का स्वागत किया. साथ ही उन्होंने विपक्ष को निशाने पर लेते हुए कहा कि अगर एनडीए या बीजेपी शासित राज्य में विपक्षी पार्टी के कार्यक्रम की इजाजत नहीं मिलती तो विपक्ष उसे अघोषित आपातकाल कह देता. लेकिन वो अब चुप क्यों है.



