VIDEO: कोरोना लॉकडाउन के बीच वायरल हुआ रवि किशन का ये वीडियो, देनी पड़ी सफाई

सांसद रवि किशन
सांसद रवि किशन

गोरखपुर, राजसत्ता एक्सप्रेस। कोरोना लॉकडाउन के बीच गोरखपुर के भाजपा सांसद और अभिनेता रवि किशन का एक वीडियो वायरल हुआ है। वीडियो को ट्विटर पर शेयर कर कई लोगों ने लिखा है.. देखिए यूपी के गोरखपुर सांसद को लोगों से मिलने में महकता है उनका पसीना…!

वीडियो को कोरोना लॉकडाउन में मजदूरों के पलायन के दर्द से जोड़कर देखा जा रहा है। वीडियो के वायरल होने के बाद रवि किशन ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि ये वीडियो तीन साल पुराना है, जब वह गोरखपुर के सांसद नहीं थे। वीडियो को विरोधी दलों ने गलत तरीके से सोशल मीडिया पर फैलाया है। जानें रवि किशन वायरल वीडियो में क्या कह रहे हैं? ये वायरल वीडियो 29 सेकेंड का है।

वीडियो में रवि किशन किसी कार में बैठे हैं और उस गाड़ी में कई और लोग भी मौजूद हैं। रवि किशन के सिर पर केसरिया गमछा बंधा है। कुछ अधिक समर्थकों के गाड़ी में आ जाने पर रवि किशन भोजपुरी और खड़ी मिश्रित बोली में कहते हैं…, केतना लोग ठेला (आ गए) गए हो इसके अंदर… इस पर समर्थक जवाब देता है, एही में बैठले रहलीं( इसी में बैठे थे।) इस पर रवि किशन कहते हैं, तुम लोगों का पसीना ऐसा महक रहा है न कि क्‍या बोलें। समर्थक फिर बोलता है, अब का बताईं रवि भईया, कन्‍हैया भईया के लिए दिन रात दउड़ल जात बा। इस पर रवि किशन कहते हैं, त हमही के तू लोग पूरा सुंघवईब।

वीडियो वायरल होने के बाद रवि किशन को देनी पड़ी सफाई

रवि किशन ने वीडियो जारी कर कहा, वायरल किया गया वीडियो 2017 के चुनाव के समय का है। उस वीडियो में वह पसीने की महक यानी खुशबू की बात कर रहे हैं, लेकिन विरोधियों को उसमें बदबू नजर आ रही है। रवि किशन ने कहा कि वह किसी चुनावी सभा से लौट रहे थे, उसी दौरान कार में वह अपने समर्थकों और दोस्तों को ये पसीने वाली बात बोल रहे थे। लेकिन विरोधियों ने इस पुराने वीडियो को वायरल कर उन्‍हें बदनाम करने की कोशिश की है। रवि किशन ने कहा, कोरोना लॉकडाउन में पीएम नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ और भारतीय जनता पार्टी का काम देखकर विरोधी बौखला गए हैं… ऐसे में वह ये सब तरीका निकाल रहे हैं, लेकिन उनका ये वार तो फेल हो गया है। रवि किशन ने विरोधियों को कुछ अच्छा करने की सलाह दी है। उन्होंने कहा, कोरोना के दौर में गरीबों को खान खिलाओ…मजदूरों की मदद करो…लेकिन कुछ तो अच्छा कीजिए। इन सब कामों से क्या होगा।