हरदोई में मेगा शो की तैयारी: 700 कूलर, 2000 पंखे और 30 स्क्रीन के साथ PM मोदी करेंगे गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण

हरदोई में मेगा शो की तैयारी: 700 कूलर, 2000 पंखे और 30 स्क्रीन के साथ PM मोदी करेंगे गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण

उत्तर प्रदेश के हरदोई में 29 अप्रैल को होने वाला गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण सिर्फ एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि राज्य के इंफ्रास्ट्रक्चर विजन का बड़ा प्रदर्शन बनने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस परियोजना का उद्घाटन करेंगे, और इसके लिए तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। आयोजन स्थल से लेकर सुरक्षा और लॉजिस्टिक्स तक, हर स्तर पर बड़े पैमाने पर इंतजाम किए गए हैं, जिससे साफ है कि इसे एक हाई-इम्पैक्ट इवेंट के तौर पर पेश किया जा रहा है।

144 हेक्टेयर में तैयार हुआ विशाल आयोजन स्थल

मल्लावां-राघौपुर रोड पर बंदीपुर और कल्याणपुर गांव के बीच बनाए गए कार्यक्रम स्थल का आकार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर दोगुने से भी ज्यादा बढ़ा दिया गया है। पहले जहां यह आयोजन 65 हेक्टेयर में प्रस्तावित था, अब इसे बढ़ाकर 144 हेक्टेयर कर दिया गया है।

इस फैसले के पीछे सीधा कारण है—बड़ी जनभागीदारी। अनुमान है कि करीब दो लाख लोग इस कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए तीन बड़े पंडाल और लगभग डेढ़ लाख कुर्सियों की व्यवस्था की गई है, ताकि लोगों को किसी तरह की असुविधा न हो।

गर्मी से राहत के लिए खास इंतजाम, तकनीक का भी सहारा

अप्रैल की गर्मी को देखते हुए व्यवस्थाओं में खास ध्यान दिया गया है। कार्यक्रम स्थल पर 700 कूलर और 2000 पंखे लगाए गए हैं, ताकि भीड़ के बीच भी लोगों को राहत मिल सके। इसके अलावा 30 बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई गई हैं, जिससे दूर बैठे लोग भी कार्यक्रम को साफ तौर पर देख सकें।

बुनियादी सुविधाओं पर भी फोकस है। 200 मोबाइल टॉयलेट, 500 पानी के टैंकर और अन्य जरूरी इंतजाम किए गए हैं। यह दिखाता है कि आयोजन सिर्फ भीड़ जुटाने तक सीमित नहीं, बल्कि अनुभव को व्यवस्थित बनाने की कोशिश भी है।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम, कई स्तरों पर निगरानी

प्रधानमंत्री के दौरे को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बेहद सख्त रखी गई है। पूरे इलाके को 9 सुपर जोन, 19 जोन, 61 सेक्टर और 109 सब-सेक्टर में बांटा गया है। हर स्तर पर निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे, बैरिकेडिंग और चेकिंग प्वाइंट्स लगाए गए हैं।

केवल हरदोई ही नहीं, आसपास के जिलों से भी पुलिस बल को तैनात किया जा रहा है। कार्यक्रम स्थल पर चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा कर्मियों की मौजूदगी सुनिश्चित की जाएगी, ताकि किसी भी तरह की चूक की गुंजाइश न रहे।

हेलीपैड से लेकर सांस्कृतिक झलक तक, हर पहलू पर काम

प्रधानमंत्री के आगमन के लिए एक्सप्रेसवे पर तीन हेलीपैड बनाए गए हैं। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के लिए अलग से हेलीपैड तैयार किए गए हैं। हेलीकॉप्टर की सुरक्षित लैंडिंग के लिए ‘टच एंड गो’ रिहर्सल भी पूरा किया जा चुका है।

इसके अलावा कार्यक्रम स्थल के पीछे एक खास बालू कला प्रदर्शनी भी तैयार की जा रही है, जिसमें मेरठ से प्रयागराज तक की सांस्कृतिक झलक दिखाई जाएगी। यह आयोजन सिर्फ इंफ्रास्ट्रक्चर लॉन्च नहीं, बल्कि सांस्कृतिक प्रस्तुति का भी मंच बन रहा है।

करीब 1100 किसानों की जमीन पर तैयार इस विशाल स्थल से गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण उत्तर प्रदेश के विकास एजेंडा को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है। आम लोगों के लिए यह परियोजना बेहतर कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियों के नए अवसर लेकर आ सकती है। अब सबकी नजर 29 अप्रैल पर टिकी है, जब यह बहुप्रतीक्षित परियोजना औपचारिक रूप से देश को समर्पित होगी।