जयपुर में री-पोलिंग का रिजल्ट आया, चारों वार्ड कांग्रेस के खाते में, नगर निगम का फाइनल गणित भी बदला

जयपुर में री-पोलिंग का रिजल्ट आया, चारों वार्ड कांग्रेस के खाते में, नगर निगम का फाइनल गणित भी बदला

जयपुर नगर निगम चुनाव में री-पोलिंग के बाद अब सभी 150 वार्डों के नतीजे सामने आ गए हैं। जिन चार वार्डों के पांच बूथ पर दोबारा मतदान कराया गया था, वहां कांग्रेस उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की है। इसके साथ ही नगर निगम के अंतिम चुनाव परिणाम में कांग्रेस की सीटों की संख्या 53 से बढ़कर 57 हो गई है। वहीं बीजेपी के खाते में कुल 78 सीटें हैं और 15 वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवार विजयी रहे हैं।

जयपुर के इन चार वार्डों में मतदान दोबारा कराने की वजह EVM में आई तकनीकी खराबी थी। इसी कारण 14 सितंबर को घोषित निकाय चुनाव परिणामों में इन सीटों की पूरी तस्वीर सामने नहीं आ सकी थी। बुधवार को दोबारा मतदान हुआ और गुरुवार को इसके नतीजे जारी कर दिए गए।

चार वार्ड, पांच बूथ और फिर बदला अंतिम रिजल्ट

राजस्थान नगर निकाय चुनाव के ज्यादातर नतीजे 14 सितंबर को ही घोषित कर दिए गए थे। लेकिन जयपुर नगर निगम के वार्ड 9, 18, 25 और 34 में कुछ बूथों पर EVM से जुड़ी तकनीकी समस्या के कारण मतगणना पूरी नहीं हो पाई थी।

इसके बाद बुधवार को इन सीटों के संबंधित बूथों पर दोबारा मतदान कराया गया।

वार्ड 9 में बूथ नंबर 111, वार्ड 18 में बूथ नंबर 235 और वार्ड 25 में बूथ नंबर 343 पर मतदान दोबारा हुआ। वार्ड 34 में बूथ नंबर 477 और 484 पर मतदाताओं ने फिर से वोट डाले।

री-पोलिंग के बाद जब मतगणना हुई तो चारों वार्डों में कांग्रेस उम्मीदवारों ने जीत हासिल की। इस तरह पहले अधूरे रहे परिणाम भी अब नगर निगम के अंतिम आंकड़ों में शामिल हो गए हैं।

किस वार्ड में कितने वोटों से जीते कांग्रेस उम्मीदवार?

राज्य निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के मुताबिक वार्ड 9 में कांग्रेस प्रत्याशी कैलाशी ने 764 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की।

वार्ड 18 में कांग्रेस की विदिता शर्मा को जीत मिली। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को 181 वोटों से पीछे छोड़ा।

वार्ड 25 में कांग्रेस प्रत्याशी रेखा देवी ने 397 वोटों के अंतर से चुनाव जीता।

वहीं वार्ड 34 में कांग्रेस के सुरेश यादव ने 149 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की।

इस तरह री-पोलिंग वाले सभी चार वार्ड कांग्रेस के खाते में गए। इसका सीधा असर जयपुर नगर निगम के अंतिम सीट आंकड़ों पर पड़ा।

वार्ड 34 का बूथ 477 पहले भी रहा था चर्चा में

री-पोलिंग के दौरान वार्ड 34 का बूथ नंबर 477 अलग वजह से भी चर्चा में रहा था। चुनाव आयोग की ओर से मतदान प्रक्रिया में लापरवाही और निर्देशों का पालन नहीं करने के आरोपों के बाद वहां तैनात पीठासीन अधिकारी मनीष कुमार शर्मा को हटा दिया गया था।

उनकी जगह गुलाम अली को बूथ का PRO बनाया गया था। इसके बाद इस बूथ पर भी दोबारा मतदान कराया गया।

री-पोलिंग पूरी होने और परिणाम घोषित होने के बाद वार्ड 34 में कांग्रेस के सुरेश यादव विजयी रहे।

150 वार्डों में अब क्या है पूरा गणित?

जयपुर नगर निगम में कुल 150 वार्ड हैं। यहां बहुमत का आंकड़ा 76 पार्षदों का है। 14 सितंबर को अधिकांश वार्डों के नतीजे सामने आने के बाद बीजेपी बहुमत के आंकड़े को पार कर चुकी थी।

री-पोलिंग के चारों परिणाम आने के बाद अब अंतिम तस्वीर इस तरह है—

  • बीजेपी: 78 सीटें
  • कांग्रेस: 57 सीटें
  • निर्दलीय: 15 सीटें
  • कुल: 150 वार्ड

यानी री-पोलिंग से जयपुर नगर निगम की कुल तस्वीर में चार सीटों का बदलाव कांग्रेस के पक्ष में हुआ, जबकि पहले घोषित परिणामों में कांग्रेस के पास 53 वार्ड थे।

राजस्थान के व्यापक निकाय चुनाव के आंकड़ों की बात करें तो राज्य निर्वाचन आयोग के अनुसार 309 शहरी निकायों के 10,244 वार्डों के परिणाम 14 सितंबर को घोषित किए गए थे। इनमें बीजेपी ने 4,179 वार्ड, कांग्रेस ने 3,613 वार्ड और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 2,273 वार्ड जीते थे।

जयपुर का मामला इसलिए अलग रहा क्योंकि यहां कुछ बूथों पर EVM की तकनीकी समस्या के कारण चुनाव परिणाम पूरा होने में अतिरिक्त समय लगा। अब पांच बूथों पर दोबारा मतदान और उनकी मतगणना पूरी होने के साथ जयपुर नगर निगम के सभी 150 वार्डों का चुनावी परिणाम स्पष्ट हो गया है।