पीएम मोदी ने भगवान राम के मंदिर के लिए हुए सदियों के संघर्ष को किया याद, भारत की आस्था और आधार बताया

 पीएम मोदी ने भगवान राम के मंदिर के लिए हुए सदियों के संघर्ष को किया याद, भारत की आस्था और आधार बताया

नई दिल्ली। राम नवमी के पर्व पर पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने ही अंदाज में देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कई पोस्ट किए हैं। इन पोस्ट में मोदी की रामभक्ति देखने को मिल रही है। पीएम मोदी ने ही इस साल 22 जनवरी को अयोध्या में बने राम मंदिर में भगवान रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की थी। नए राम मंदिर में पहली राम नवमी मनाई जा रही है। इस मौके पर मोदी ने पोस्ट में लिखा है ‘राम काज कीन्हे बिनु मोहि कहां बिश्राम’।

पीएम मोदी ने इसके अलावा एक्स पर एक और पोस्ट किया है। इस पोस्ट में मोदी ने अयोध्या में भगवान रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के मौके पर दिए गए संबोधन के कुछ हिस्सों को एक वीडियो के तौर पर जारी किया है। मोदी ने अपने इस पोस्ट में लिखा है कि राम भारत की आस्था है, राम भारत का आधार है।

पीएम मोदी ने राम नवमी पर दो और पोस्ट भी एक्स पर किए हैं। मोदी ने एक पोस्ट में लिखा है कि भगवान श्रीराम जनमानस के रोम-रोम में रचे और बसे हैं। मोदी ने लिखा है कि भगवान राम लोगों के मन में हैं। उन्होंने अपनी पोस्ट में राम मंदिर निर्माण के लिए पूरा जीवन खपा देने वाले राम भक्तों और संतों को भी याद करते हुए नमन किया है। मोदी ने अपने एक और पोस्ट में भरोसा जताया है कि भगवान राम का जीवन और उनके आदर्श विकसित भारत को बनाने के लिए मजबूत आधार बनेंगे। उन्होंने लिखा कि भगवान राम का आशीर्वाद भारत के संकल्प को नई ऊर्जा देगा।

पीएम मोदी अपने भाषणों में हमेशा राम मंदिर और भगवान रामलला का उल्लेख जरूर करते हैं। आजकल चुनाव प्रचार के दौरान भी वो जनता को संबोधित करते हुए बताते हैं कि राम मंदिर बनाने के लिए राम भक्तों को किस तरह 500 साल का इंतजार करना पड़ा और यहां तक कि अपनी जान गंवानी पड़ी। राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा के दौरान मोदी ने 11 दिन का अनुष्ठान भी किया था।