मध्य पूर्व में जारी जंग का असर पूरी दुनिया में देखने मिल रहा है. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने के बाद लगातार कच्चे तेल और गैस के दाम बढ़ रहे हैं. मध्य पूर्व की इस जंग की मार सबसे ज्यादा पड़ोसी देश पाकिस्तान पर पड़ रही है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ‘जी हुजूरी’ में लगे फील्ड मार्शल आसिम मुनीर और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ अमेरिकी के चक्कर में बुरे फंस गए हैं. पाकिस्तान की जनता तेल की कीमतों में लगातार इजाफे से बुरी तरह परेशान है.
डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक मध्य पूर्व में बदलते सिक्योरिटी हालात के बीच पाकिस्तान का महीने का तेल इंपोर्ट बिल USD 600 मिलियन तक बढ़ सकता है. देश के फाइनेंस मिनिस्टर मोहम्मद औरंगजेब ने रविवार को यह बात कही है. साथ ही हर बार की तरह इस बार फिर पाकिस्तान IMF से मदद की गुहार लगा रहा है. पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक ने कहा कि वे पेट्रोलियम लेवी में राहत के लिए इंटरनेशनल मॉनेटरी फंड से रिक्वेस्ट करेंगे.



