15 जून से जेवर एयरपोर्ट पर उड़ान का आगाज, लखनऊ से आएगी पहली फ्लाइट; यात्रियों के लिए खास तैयारी

15 जून से जेवर एयरपोर्ट पर उड़ान का आगाज, लखनऊ से आएगी पहली फ्लाइट; यात्रियों के लिए खास तैयारी

उत्तर प्रदेश के बहुप्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) से 15 जून को पहली कमर्शियल उड़ान शुरू होने जा रही है। इस ऐतिहासिक मौके को यादगार बनाने के लिए एयरपोर्ट प्रबंधन, प्रशासन और विभिन्न सरकारी एजेंसियां अंतिम तैयारियों में जुटी हैं। पहली उड़ान लखनऊ से सुबह 8:05 बजे जेवर एयरपोर्ट पहुंचेगी और इसके बाद यही विमान बेंगलुरु के लिए रवाना होगा। उद्घाटन को लेकर सुरक्षा से लेकर स्वागत और यात्री सुविधाओं तक हर स्तर पर विशेष इंतजाम किए गए हैं।

पहली उड़ान को खास बनाने की तैयारी

15 जून को लखनऊ से आने वाली पहली कमर्शियल फ्लाइट में केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री, जनप्रतिनिधि, विमानन क्षेत्र के अधिकारी और उद्योग जगत से जुड़े लोग सवार होंगे। जानकारी के अनुसार, इंडिगो की इस उड़ान में कई विशेष अतिथि शामिल रहेंगे।

सीआरसी ने इस उड़ान की 70 सीटें बुक की हैं। इन सीटों पर आने वाले उद्यमियों को जेवर क्षेत्र में निवेश, औद्योगिक विकास और भविष्य की संभावनाओं की जानकारी दी जाएगी। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के अधिकारियों के भी पहली उड़ान से पहुंचने की संभावना है। एयरपोर्ट प्रबंधन वीवीआईपी मेहमानों के स्वागत और सुरक्षा को लेकर विस्तृत योजना पर काम कर रहा है।

शुभ शुरुआत के लिए हुआ हवन-पूजन

उड़ान संचालन शुरू होने से पहले एयरपोर्ट परिसर में वैदिक विधि-विधान से हवन और पूजन का आयोजन किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच प्रदेश की उन्नति, समृद्धि और एयरपोर्ट के सफल संचालन की कामना की गई।

जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह ने कहा कि भारतीय परंपरा में किसी भी बड़े और शुभ कार्य की शुरुआत पूजा-अर्चना से की जाती है। इसी भावना के साथ एयरपोर्ट संचालन से पहले धार्मिक अनुष्ठान कराया गया।

एयरपोर्ट तक पहुंचना होगा आसान

एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी बेहतर बनाने के लिए उत्तर प्रदेश परिवहन निगम ने विशेष बस सेवाओं का शेड्यूल भी जारी कर दिया है। आगरा, फिरोजाबाद और हाथरस सहित कई शहरों से नियमित बसें चलाई जाएंगी।

आगरा से पहली बस सुबह 5 बजे और अंतिम बस शाम 6:40 बजे चलेगी। फिरोजाबाद से सुबह 7:40 बजे पहली और शाम 4 बजे अंतिम बस रवाना होगी। हाथरस से सुबह 6 बजे से बस सेवा शुरू होगी। बसों का संचालन 15 से 30 मिनट के अंतराल पर किया जाएगा।

इसके अलावा नोएडा एयरपोर्ट ने ऑनलाइन बस टिकट बुकिंग प्लेटफॉर्म रेडबस के साथ साझेदारी की है। इसके तहत एयरपोर्ट से 20 से अधिक इंटरसिटी बस सेवाएं उपलब्ध होंगी। यह देश में किसी एयरपोर्ट और बस बुकिंग प्लेटफॉर्म के बीच अपनी तरह की पहली साझेदारी मानी जा रही है।

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई समझौता नहीं

कमर्शियल उड़ान शुरू होने से पहले एयरपोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह मजबूत कर दिया गया है। एयरपोर्ट क्षेत्र में किरायेदार सत्यापन अभियान तेज कर दिया गया है और 24 घंटे निगरानी रखी जा रही है।

पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के अनुसार, जेवर डोमेस्टिक टर्मिनल थाना पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। एयरपोर्ट सुरक्षा के लिए 130 से अधिक पुलिसकर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इनमें 11 निरीक्षक, 47 उपनिरीक्षक और 71 आरक्षी शामिल हैं।

एयरपोर्ट परिसर की सुरक्षा तीन स्तरों में होगी। पहले घेरे की जिम्मेदारी CISF के पास रहेगी, दूसरे स्तर पर निजी सुरक्षा एजेंसी और तीसरे स्तर पर उत्तर प्रदेश पुलिस तैनात रहेगी। इसके अलावा यमुना एक्सप्रेसवे और केजीपी एक्सप्रेसवे पर पांच नई पुलिस चौकियां स्थापित की गई हैं, जिन्हें आधुनिक सीसीटीवी और कंट्रोल रूम से जोड़ा गया है।

भविष्य के लिए भी तैयार हो रहा सुरक्षा ढांचा

एयरपोर्ट के आसपास पुलिस लाइन, आवासीय परिसर और प्रशासनिक कार्यालयों के निर्माण की प्रक्रिया भी आगे बढ़ रही है। साथ ही दो नए अग्निशमन केंद्र विकसित किए जा रहे हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से तेजी से निपटा जा सके।

एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीय संचालन को ध्यान में रखते हुए भविष्य में जेवर इंटरनेशनल टर्मिनल थाना भी बनाया जाएगा, जहां वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों सहित 70 पदों के सृजन की प्रक्रिया चल रही है।

15 जून को पहली कमर्शियल उड़ान के साथ नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट न केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे उत्तर भारत की कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियों के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत करेगा।