PM मोदी ने ‘कमल पुष्प’ के जरिए पुराने कार्यकर्ताओं का किया सम्मान !

PM मोदी ने ‘कमल पुष्प’ के जरिए पुराने कार्यकर्ताओं का किया सम्मान !
नई दिल्लीPM  मोदी ने लोगों के आशीर्वाद से कई प्रदेशों और केंद्र में सेवा करने का मौका मिलने की बात कहते हुए इसका श्रेय जनसंघ और BJP  के कार्यकर्ताओं की कई पीढ़ियों की निस्वार्थ सेवा और और बलिदान को दिया है। जनसंघ के दौर से लेकर बीजेपी के दौर तक तक संगठन के विस्तार, आपातकाल के विरुद्ध  संघर्ष, मंदिर आंदोलन के जरिए सांस्कृतिक गौरव की रक्षा जैसे अभियानों में कार्यकर्ताओं को रीढ़ की हड्डी बताते हुए PM  नरेंद्र मोदी ने उनको ‘कमल पुष्प’ के जरिए याद किया और लोगों को इनकी निस्वार्थ सेवा के बारे में भी बताया। प्रधानमंत्री  मोदी ने लोगों से भी इस अभियान में बढ-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है।
प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कई ट्वीट कर देशवासियों को इस अभियान की जानकारी देते हुए लिखा, “लोगों के आशीर्वाद से, बीजेपी  को कई राज्यों और केंद्र में सेवा करने का मौका  मिला है। लोगों के इस भरोसे के पीछे एक प्रमुख कारण कार्यकर्ताओं की पीढ़ियों द्वारा निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका है, जिन्होंने पार्टी और राष्ट्र निर्माण के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया है।”
कमल पुष्प’ के बारे में बताते हुए पीएम मोदी ने ट्वीट कर कहा ,”नमो ऐप में ‘कमल पुष्प’ के नाम से जाना जाने वाला एक बहुत ही दिलचस्प सेक्शन है जो आपको जनसंघ के दिनों से लेकर वर्तमान तक पार्टी के प्रेरक कार्यकर्ताओं के बारे में जानकारी साझा करने और जानने का मौका  देता है। इन्होंने हमारी विचारधारा को लोकप्रिय बनाने के लिए कड़ी मेहनत की। इस सेक्शन में योगदान दें और समृद्ध करें।”

PM  मोदी ने स्वयं इस एप पर मंगलवार को उत्तराखंड से जुड़े स्वतंत्रता सेनानी और जनसंघ के सह-संस्थापक पंडित देवेंद्र शास्त्री और 1951 से लेकर 1999 तक सक्रिय रहने वाले कर्नाटक के एस मल्लिकाजुर्नैयाह के संघर्ष और सेवा की कहानी को सोशल मीडिया पर साझा करते हुए उन्हें याद किया। नमो ऐप के इस ‘कमल पुष्प’ सेक्शन में संगठन के अन्य कई पुराने कार्यकर्ताओं के जीवन संघर्ष के बारे में भी जानकारी दी गई है, आने वाले दिनों में इसका और ज्यादा विस्तार भी होना है।
गौरतलब है कि , बीजेपी  अपने पुराने कार्यकर्ताओं के सम्मान का देशव्यापी अभियान भी चला रही है। पार्टी के सभी नेताओं को यह कहा गया है कि वो अपने-अपने क्षेत्रों के पुराने कार्यकर्ताओं से भेंट कर उनका सम्मान करे और उनके  साथ विचार-विमर्श भी करे।