आईपीएल 2026 के मुकाबले में शुक्रवार रात जो हुआ, उसने एक बार फिर साबित कर दिया कि विराट कोहली के खिलाफ छोटी सी चूक भी विपक्षी टीम को भारी पड़ सकती है। रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और गुजरात टाइटंस के बीच खेले गए इस मैच में एक ऐसा ही पल आया, जिसने पूरे मैच की दिशा बदल दी।
आरसीबी 206 रनों के बड़े लक्ष्य का पीछा कर रही थी। पारी की शुरुआत में ही मोहम्मद सिराज की गेंद पर वॉशिंगटन सुंदर ने विराट कोहली का आसान कैच छोड़ दिया। यह मौका मैच की पहली ही गेंद पर आया था। उस समय शायद किसी ने नहीं सोचा होगा कि यही चूक आगे चलकर निर्णायक साबित होगी।
कोहली का जवाब: 81 रन और जीत की नींव
कैच छूटने के बाद विराट कोहली ने किसी तरह की राहत नहीं दी। उन्होंने इस मौके का पूरा फायदा उठाया और 81 रनों की शानदार पारी खेली। उनकी बल्लेबाजी में संयम भी था और आक्रामकता भी।
इस पारी ने न सिर्फ आरसीबी की जीत की नींव रखी, बल्कि कोहली को ऑरेंज कैप की दौड़ में भी आगे पहुंचा दिया। बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय जिस तरह उन्होंने पारी को संभाला, वह उनके अनुभव और क्लास को दिखाता है।
यह वही स्थिति थी, जहां एक खिलाड़ी अपनी टीम को मुश्किल से निकालकर जीत तक पहुंचाता है।
गावस्कर का विश्लेषण: ‘पहली गलती की कीमत चुकानी पड़ी’
मैच के बाद पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने इस कैच ड्रॉप को मुकाबले का टर्निंग पॉइंट बताया। उन्होंने कहा कि विराट कोहली जैसे खिलाड़ी को शुरुआती जीवनदान देना हमेशा खतरनाक साबित होता है।
गावस्कर के मुताबिक, कोहली सिर्फ एक बेहतरीन बल्लेबाज ही नहीं, बल्कि बड़े लक्ष्यों का पीछा करने में माहिर खिलाड़ी हैं। उन्होंने कहा कि जब आप उन्हें पहली गेंद पर मौका देते हैं, तो वह उसे भुनाना जानते हैं और यही इस मैच में भी देखने को मिला।
उन्होंने यह भी बताया कि जैसे-जैसे गेंद पुरानी हुई, बल्लेबाजी आसान नहीं रही, लेकिन कोहली ने हालात को समझते हुए अपनी पारी को सही दिशा में आगे बढ़ाया।
पडिक्कल का योगदान: RCB की बैटिंग और मजबूत
इस मैच में देवदत्त पडिक्कल की बल्लेबाजी भी चर्चा में रही। गावस्कर ने उनकी तकनीक और शॉट चयन में आए बदलाव की सराहना की।
उन्होंने कहा कि पहले पडिक्कल को मुख्य रूप से ऑफ-साइड का खिलाड़ी माना जाता था, लेकिन अब उन्होंने अपने खेल में विविधता लाई है। वह अब स्क्वायर के पीछे भी रन बना रहे हैं, जिससे टीम की बैटिंग और संतुलित हो गई है।
आरसीबी के लिए यह बदलाव अहम है, क्योंकि टॉप ऑर्डर में पडिक्कल और कप्तान रजत पाटीदार जैसे खिलाड़ी टीम को तेज शुरुआत देने में सक्षम हैं।
मैच से मिला सबक: कोहली के खिलाफ गलती की कोई गुंजाइश नहीं
इस मुकाबले ने एक बार फिर दिखाया कि बड़े खिलाड़ियों के खिलाफ छोटी-सी चूक भी महंगी पड़ सकती है। विराट कोहली जैसे बल्लेबाज को अगर शुरुआत में मौका मिल जाए, तो वह मैच का रुख पूरी तरह बदल सकते हैं।
गुजरात टाइटंस के लिए यह सिर्फ एक कैच ड्रॉप नहीं, बल्कि मैच गंवाने की बड़ी वजह बन गया। वहीं, आरसीबी के लिए यह जीत आत्मविश्वास बढ़ाने वाली रही।


