भगवंत मान पर राहुल गांधी के बयान से भड़की AAP, सौरभ भारद्वाज बोले- योगी और धामी पर ऐसी टिप्पणी करने की हिम्मत क्यों नहीं?

भगवंत मान पर राहुल गांधी के बयान से भड़की AAP, सौरभ भारद्वाज बोले- योगी और धामी पर ऐसी टिप्पणी करने की हिम्मत क्यों नहीं?

पंजाब की राजनीति में मुख्यमंत्री भगवंत मान को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री मान पर शराब पीने और नशे की हालत में रहने को लेकर गंभीर टिप्पणी की, जिसके बाद आम आदमी पार्टी (AAP) ने कांग्रेस पर तीखा पलटवार किया है। AAP के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने राहुल गांधी के बयान को बेहद निचले स्तर की राजनीति बताते हुए कांग्रेस और बीजेपी के बीच मिलीभगत का आरोप लगाया। उन्होंने सवाल किया कि जब उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और गोवा जैसे राज्यों में भी चुनाव होने हैं, तो राहुल गांधी वहां के मुख्यमंत्रियों योगी आदित्यनाथ और पुष्कर सिंह धामी पर इस तरह की व्यक्तिगत टिप्पणी क्यों नहीं करते? AAP का आरोप है कि कांग्रेस और बीजेपी दोनों मिलकर पंजाब की गैर-कांग्रेस और गैर-बीजेपी सरकार को निशाना बना रही हैं। दूसरी तरफ, राहुल गांधी का कहना है कि पंजाब में नशे की समस्या से लड़ने के लिए मुख्यमंत्री को खुद इस चुनौती के प्रति गंभीर होना चाहिए।

भगवंत मान पर राहुल गांधी की टिप्पणी से क्यों भड़की AAP?

राहुल गांधी के बयान के बाद बुधवार को सौरभ भारद्वाज ने मीडिया से बातचीत में कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को अपने राजनीतिक कद के हिसाब से बयान देना चाहिए। मुख्यमंत्री के खिलाफ इस तरह की व्यक्तिगत टिप्पणी करना उचित नहीं है।

भारद्वाज ने कहा कि राहुल गांधी पर भी समय-समय पर कई तरह के आरोप लगाए जाते रहे हैं, लेकिन केवल आरोप लगा देने से कोई बात साबित नहीं हो जाती। इसलिए किसी दूसरे नेता पर भी बिना प्रमाण इस तरह की टिप्पणी नहीं करनी चाहिए।

उन्होंने राहुल गांधी से सवाल किया कि अगर कांग्रेस वास्तव में बीजेपी सरकारों के खिलाफ राजनीतिक लड़ाई लड़ रही है, तो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पर ऐसी टिप्पणियां क्यों नहीं की जातीं?

सौरभ भारद्वाज के मुताबिक, पांच राज्यों में चुनावी माहौल बन रहा है, लेकिन कांग्रेस का निशाना केवल पंजाब और भगवंत मान बने हुए हैं।

‘योगी और धामी पर ऐसी बात क्यों नहीं करते?’, AAP ने कांग्रेस पर लगाए आरोप

AAP नेता ने आरोप लगाया कि बीजेपी और कांग्रेस दोनों को उन राज्यों में गैर-बीजेपी और गैर-कांग्रेस सरकारों का अस्तित्व स्वीकार नहीं है।

उन्होंने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार है, इसलिए दोनों राष्ट्रीय पार्टियां लगातार मुख्यमंत्री भगवंत मान को निशाना बना रही हैं।

भारद्वाज ने दावा किया कि आने वाले चुनावों तक कांग्रेस और बीजेपी मिलकर पंजाब सरकार को घेरने की कोशिश करेंगी। उन्होंने कहा कि दोनों दलों को राज्य की जनता के वास्तविक मुद्दों से ज्यादा राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप में दिलचस्पी है।

AAP नेता ने इसे कांग्रेस और बीजेपी की मिलीभगत करार दिया। हालांकि, यह आरोप आम आदमी पार्टी की ओर से लगाया गया है। कांग्रेस और बीजेपी के बीच ऐसी किसी मिलीभगत का कोई प्रमाण इस खबर में सामने नहीं आया है।

संगरूर की रैली में राहुल गांधी ने भगवंत मान पर क्या कहा था?

दरअसल, विवाद की शुरुआत 4 नवंबर को पंजाब के संगरूर में हुई कांग्रेस की ‘इंसाफ रैली’ से हुई। इस रैली के जरिए राहुल गांधी ने अगले साल होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के प्रचार अभियान की शुरुआत की।

रैली को संबोधित करते हुए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भगवंत मान पर शराब पीने को लेकर गंभीर आरोप लगाए।

राहुल गांधी ने अपने पुराने संसदीय अनुभव का जिक्र करते हुए कहा कि जब वह और भगवंत मान लोकसभा में सांसद थे, तब दोनों एक साथ बैठते थे। उन्होंने दावा किया कि सुबह करीब 11 बजे तक मान की सांसों से शराब की गंध आने लगती थी।

राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें इस बात से व्यक्तिगत आपत्ति नहीं है कि कोई व्यक्ति शराब पीता है या नहीं। यह उसका निजी फैसला है। लेकिन जब किसी राज्य में नशे की समस्या गंभीर हो और सरकार उससे लड़ने का दावा कर रही हो, तो मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी भी महत्वपूर्ण हो जाती है।

उन्होंने कहा कि पंजाब को ऐसे नेतृत्व की जरूरत है, जो नशे के खिलाफ लड़ाई को गंभीरता से समझे और इस समस्या से प्रभावित परिवारों का दर्द महसूस करे।

पंजाब चुनाव से पहले तेज हुई सियासी जंग, INDIA गठबंधन में भी बढ़ेगी चुनौती?

इस विवाद का राजनीतिक महत्व इसलिए भी बढ़ गया है क्योंकि पंजाब में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी दोनों ही विपक्षी INDIA गठबंधन का हिस्सा हैं, लेकिन पंजाब में दोनों दल एक-दूसरे के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हैं।

राहुल गांधी की टिप्पणी के बाद दोनों पार्टियों के बीच तल्खी खुलकर सामने आ गई है। एक तरफ कांग्रेस पंजाब में नशे की समस्या और मुख्यमंत्री की कार्यशैली को चुनावी मुद्दा बना रही है, तो दूसरी तरफ AAP इसे व्यक्तिगत हमला और राजनीतिक साजिश बता रही है।

आम जनता के लिहाज से पंजाब में नशे की समस्या, युवाओं का भविष्य, रोजगार और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दे चुनाव में अहम रहने वाले हैं। ऐसे में राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप से ज्यादा जरूरी इन समस्याओं पर ठोस समाधान पेश करना होगा।

फिलहाल राहुल गांधी के बयान ने पंजाब की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। अब देखना होगा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान इस आरोप पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं और आने वाले दिनों में कांग्रेस तथा आम आदमी पार्टी के बीच यह टकराव कितना बढ़ता है।