“भारत आएं तो कश्मीर घूमने के लिए 3–4 दिन एक्स्ट्रा निकालें…”मलेशिया में ऐसा क्यों बोले TMC सांसद अभिषेक बनर्जी?

“भारत आएं तो कश्मीर घूमने के लिए 3–4 दिन एक्स्ट्रा निकालें…”मलेशिया में ऐसा क्यों बोले TMC सांसद अभिषेक बनर्जी?

मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर में भारतीय सांसदों के सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल ने आतंकवाद के खिलाफ जंग का ऐलान किया, लेकिन TMC सांसद अभिषेक बनर्जी ने जो बात कही, वह सुर्खियों में है। उन्होंने दुनिया से कहा कि भारत आएं तो कश्मीर के लिए 3-4 दिन जरूर निकालें और सरकार से मांग की— “पाकिस्तान से बात हो तो सिर्फ PoK वापसी पर हो!” बनर्जी का ये बयान ऐसे वक्त में आया है जब भारत पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर घेरने की कोशिश कर रहा है। क्या बनर्जी का यह बयान कश्मीर की छवि सुधारने की कोशिश है या फिर सरकार पर दबाव बनाने की रणनीति?

कश्मीर पर पाक की पोल खोलते हुए क्या बोले अभिषेक?

अभिषेक बनर्जी ने मलेशिया में कहा कि पाकिस्तान आतंकवाद के जरिए भारतीय अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाना चाहता था, लेकिन भारत ने इस मंसूबे को नाकाम कर दिया। उन्होंने कहा कि हमें कश्मीर को फलता-फूलता रखना है और दुनिया को दिखाना है कि यहां शांति है।उनकी अपील साफ थी कि जब भी आप भारत आएं, अपनी यात्रा में 3-4 दिन बढ़ाकर कश्मीर जरूर जाएं। बता दें कि यह बयान इसलिए भी अहम है क्योंकि कश्मीर में पर्यटन बढ़ाने की कोशिशें लगातार जारी हैं, लेकिन आतंकी घटनाएं इसमें बाधा बनती रही हैं।

 

 

PoK वापसी की मांग कर बनर्जी ने सरकार से की ये अपील

अभिषेक बनर्जी ने पाकिस्तान के साथ बातचीत को लेकर एक बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि अगर सरकार पाकिस्तान से बात करती है तो वह सिर्फ PoK (पाक-अधिकृत कश्मीर) वापस लेने के मुद्दे पर होनी चाहिए। यह बयान उस वक्त आया है जब भारत लगातार अंतरराष्ट्रीय मंचों पर पाकिस्तान को आतंकवाद का समर्थक बता रहा है। बनर्जी ने साफ किया कि भले ही उनकी पार्टी TMC सरकार के खिलाफ है, लेकिन राष्ट्रीय सुरक्षा के मामले में वह सरकार के साथ खड़े हैं। क्या यह विपक्ष की तरफ से मोदी सरकार को एक तरह का समर्थन है या फिर PoK मुद्दे पर दबाव बनाने की कोशिश?

 

 

मलेशिया-इंडोनेशिया दौरे का क्या है मकसद?

यह सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल पहले इंडोनेशिया और अब मलेशिया में आतंकवाद के खिलाफ भारत का पक्ष रख रहा है। इंडोनेशिया में एक प्रमुख इस्लामिक संगठन ने आतंकवाद की निंदा की और भारत के साथ मिलकर काम करने की बात कही। मलेशिया में भारतीय दूतावास ने प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया और इस मिशन को आगे बढ़ाया। इस दल में BJP, TMC, CPM और अन्य दलों के सांसद शामिल हैं, जो दिखाता है कि आतंकवाद के मुद्दे पर सभी दल एकजुट हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तान को घेरने की यह कोशिश कामयाब होगी?

क्या कश्मीर और PoK पर बनर्जी का ये बयान बदलाव लाएगा?

अभिषेक बनर्जी का बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह विपक्ष की तरफ से एक स्पष्ट संदेश है कि”पाकिस्तान से बातचीत हो तो सिर्फ PoK पर!” साथ ही, कश्मीर को पर्यटन के लिए बढ़ावा देने की उनकी अपील एक सकारात्मक पहल है। लेकिन सवाल यह है कि क्या सरकार इस मांग को गंभीरता से लेगी? क्या PoK वापसी का मुद्दा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उठेगा? और क्या कश्मीर में पर्यटन बढ़ाने की कोशिशें आतंकवाद के बादलों को हटा पाएंगी? इन सवालों के जवाब वक्त ही देगा, लेकिन बनर्जी ने जिस तरह से राष्ट्रीय हित में एकजुटता दिखाई है, वह राजनीति में एक नई बहस छेड़ सकती है।