Gen-Z पर बीजेपी का बड़ा दांव! युवा वोटरों के लिए बनी खास टीम, पहली बैठक में 2029 तक का रोडमैप तैयार

Gen-Z पर बीजेपी का बड़ा दांव! युवा वोटरों के लिए बनी खास टीम, पहली बैठक में 2029 तक का रोडमैप तैयार

देश की राजनीति में अब युवा मतदाताओं को लेकर मुकाबला और तेज होने वाला है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने नई पीढ़ी यानी Gen-Z वोटरों तक अपनी पहुंच मजबूत करने के लिए एक विशेष आउटरीच टीम बनाई है। पार्टी का कहना है कि इस पहल का मकसद सिर्फ युवाओं तक संदेश पहुंचाना नहीं, बल्कि उनकी उम्मीदों, चिंताओं और सुझावों को सीधे सुनना भी है। इसी रणनीति के तहत भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम की पहली परिचय बैठक में युवा संपर्क अभियान से लेकर आने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनावों तक की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा हुई।

यह कदम ऐसे समय आया है, जब देश में पहली बार वोट डालने वाले युवाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में राजनीतिक दलों के लिए Gen-Z के साथ सीधा संवाद चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा बनता जा रहा है।

Gen-Z आउटरीच के लिए बनाई गई खास टीम

भाजपा ने इस अभियान के लिए संगठन और सरकार के अनुभवी नेताओं के साथ युवा चेहरों को भी जिम्मेदारी दी है। पार्टी के वरिष्ठ सूत्रों के मुताबिक, इस टीम में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी और विनोद तावड़े को शामिल किया गया है।

इसके अलावा गुजरात सरकार के मंत्री हर्ष संघवी, छत्तीसगढ़ के मंत्री ओपी चौधरी समेत कई अन्य नेताओं को भी इस पहल का हिस्सा बनाया गया है। अलग-अलग राज्यों और संगठनात्मक अनुभव वाले नेताओं को एक मंच पर लाने का उद्देश्य यह है कि युवा वर्ग तक पहुंचने की रणनीति राष्ट्रीय स्तर पर एक समान तरीके से लागू हो सके।

युवाओं से सीधा संवाद होगा इस अभियान की सबसे बड़ी ताकत

भाजपा जल्द ही इस Gen-Z आउटरीच प्रोग्राम की शुरुआत कर सकती है। हालांकि कार्यक्रम की तारीख, प्रारूप और स्थानों की आधिकारिक घोषणा अभी बाकी है।

पार्टी के मुताबिक, इस अभियान में युवाओं को नेताओं से सीधे बातचीत का अवसर मिलेगा। वे रोजगार, शिक्षा, तकनीक, उद्यमिता और सामाजिक मुद्दों जैसे विषयों पर अपनी राय रख सकेंगे। इसके साथ ही पार्टी बातचीत, चर्चा और अन्य गतिविधियों के जरिए युवाओं के साथ लगातार संपर्क बनाए रखने की कोशिश करेगी।

इस पहल का उद्देश्य सिर्फ चुनावी समर्थन हासिल करना नहीं बताया गया है, बल्कि नई पीढ़ी की प्राथमिकताओं और सोच को समझना भी इसका अहम हिस्सा होगा।

पहली बैठक में 2029 तक की रणनीति पर चर्चा

शनिवार को भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम की पहली परिचय बैठक राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में हुई। नई जिम्मेदारियों के साथ यह पदाधिकारियों की औपचारिक शुरुआत भी मानी जा रही है।

बैठक की शुरुआत राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ के सभी छह पदों के सामूहिक गायन से हुई। इसके बाद संगठनात्मक जिम्मेदारियों और आने वाले कार्यक्रमों पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने पर चलाए जा रहे ‘मोदी@25’ अभियान की समीक्षा भी की गई। साथ ही प्रत्येक पदाधिकारी को सौंपे गए कार्यक्षेत्रों और उनकी जिम्मेदारियों पर भी विचार-विमर्श हुआ।

सात राज्यों के चुनाव और संगठन विस्तार पर भी रहा फोकस

बैठक का एक बड़ा हिस्सा अगले साल सात राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारियों को लेकर रहा। इसके अलावा 2029 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन को मजबूत करने और विभिन्न वर्गों तक पहुंच बढ़ाने की रणनीति पर भी चर्चा हुई।

Gen-Z आउटरीच प्रोग्राम को इसी व्यापक संगठनात्मक योजना का हिस्सा माना जा रहा है। पार्टी का मानना है कि आने वाले वर्षों में युवा मतदाता भारतीय राजनीति की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे, इसलिए उनके साथ निरंतर संवाद और सहभागिता को प्राथमिकता दी जा रही है।

अब सबकी नजर इस बात पर है कि भाजपा इस अभियान को जमीन पर किस स्वरूप में लागू करती है और युवाओं तक पहुंचने के लिए कौन-कौन से नए तरीके अपनाती है।