हुड्डा के गढ़ में कमल खिला! BJP ने रोहतक के सांपला पर कब्जा किया, धारूहेड़ा भी जीता

हुड्डा के गढ़ में कमल खिला! BJP ने रोहतक के सांपला पर कब्जा किया, धारूहेड़ा भी जीता

हरियाणा निकाय चुनाव के नतीजे बुधवार को घोषित कर दिए गए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के गढ़ रोहतक जिले की सांपला नगर पालिका में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को ऐतिहासिक सफलता मिली है। इस सीट पर पहली बार BJP का प्रत्याशी चेयरमैन पद पर निर्वाचित हुआ है। रेवाड़ी जिले के धारूहेड़ा नगर पालिका में भी BJP प्रत्याशी अजय जांगड़ा ने चेयरमैन पद पर कब्जा जमाया।

ये नतीजे हरियाणा की स्थानीय राजनीति में BJP की बढ़ती ताकत को दिखाते हैं। आम नागरिकों के लिए यह नतीजे इसलिए अहम हैं क्योंकि नगर पालिकाओं और निगमों में चुने गए प्रतिनिधि सीधे उनके रोजमर्रा के मुद्दों — साफ-सफाई, पानी, बिजली और सड़कों — से जुड़े रहते हैं।

सांपला में BJP की ऐतिहासिक जीत

रोहतक जिले की सांपला नगर पालिका में BJP प्रत्याशी परवीन कोच ने 687 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की। उन्हें 4391 वोट मिले, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी अंकित ओहल्याण को 3704 वोट मिले।

परवीन कोच कुछ समय पहले कांग्रेस छोड़कर BJP में शामिल हुए थे। सांपला में BJP के अलावा बाकी सभी प्रत्याशी निर्दलीय के रूप में चुनाव लड़ रहे थे। चेयरमैन पद के लिए 10 और पार्षद पद के लिए 44 उम्मीदवार मैदान में थे। हुड्डा परिवार के गढ़ में BJP की यह जीत पार्टी के लिए बड़ा मनोबल बढ़ाने वाली है।

धारूहेड़ा और अन्य इलाकों के नतीजे

रेवाड़ी जिले के धारूहेड़ा नगर पालिका में BJP के अजय जांगड़ा चेयरमैन पद पर निर्वाचित हुए हैं। वहीं सोनीपत नगर निकाय के वार्ड नंबर 1 से कांग्रेस की जयकुवार खत्री ने BJP के हरिप्रकाश सैनी को 270 वोटों से हराकर जीत हासिल की।

10 मई को हुए इन निकाय चुनावों में कुल 54.5 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। अंबाला में 54.4%, पंचकूला में 52.7% और सोनीपत में 47.9% वोटिंग हुई।

तीन नगर निगमों में नए मेयर चुनने की प्रक्रिया

इस चुनाव में अंबाला, पंचकूला और सोनीपत नगर निगमों के नए मेयर चुने जाएंगे।

  • अंबाला में BJP की अक्षिता सैनी, कांग्रेस की कुलविंदर कौर और निर्दलीय सोनिया रानी मुख्य प्रत्याशी हैं।
  • पंचकूला में BJP के श्यामलाल बंसल, कांग्रेस की सुधा भारद्वाज, AAP के राजेश कुमार और INLD के मनोज अग्रवाल के बीच मुकाबला है।
  • सोनीपत में BJP के राजीव जैन और कांग्रेस के कमल दीवान आमने-सामने हैं।

इसके अलावा झज्जर, टोहाना, तरावड़ी, राजौंद, कनीना और साढौरा में नगर परिषदों और समितियों के एक-एक वार्ड के उपचुनाव भी हुए।

राजनीतिक संकेत

भूपेंद्र सिंह हुड्डा के गढ़ में BJP की जीत हरियाणा की सत्ता की लड़ाई में एक महत्वपूर्ण संकेत है। परवीन कोच जैसे कांग्रेस छोड़कर आए नेता की जीत BJP की विस्तारवादी रणनीति को मजबूती देती है।

निकाय चुनाव स्थानीय मुद्दों पर लड़े जाते हैं, लेकिन ये नतीजे आने वाले विधानसभा चुनावों के लिए भी रुझान दिखाते हैं। अब देखना यह होगा कि नई चुनी गई नगर पालिकाएं और निगम अपनी जिम्मेदारियों को कितनी प्रभावी ढंग से निभाते हैं और जनसमस्याओं का समाधान कितनी तेजी से करते हैं।