बंगाल में ‘दीदी’ को हराने वाले सुवेंदु अधिकारी ही होंगे अगले मुख्यमंत्री? दिल्ली से लेकर कोलकाता तक मची हलचल, कल होगा बड़ा ऐलान!

बंगाल में ‘दीदी’ को हराने वाले सुवेंदु अधिकारी ही होंगे अगले मुख्यमंत्री? दिल्ली से लेकर कोलकाता तक मची हलचल, कल होगा बड़ा ऐलान!

पश्चिम बंगाल की राजनीति में इस वक्त बदलाव की सबसे बड़ी बयार बह रही है। 15 साल तक सत्ता के शिखर पर काबिज रही तृणमूल कांग्रेस (TMC) को बेदखल कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 207 सीटों के प्रचंड बहुमत के साथ इतिहास रच दिया है। अब सूबे के हर नागरिक से लेकर कॉर्पोरेट जगत तक के मन में सिर्फ एक ही सवाल है कि बंगाल के औद्योगीकरण और विकास की कमान आखिर किसके हाथों में जाएगी? सत्ता के गलियारों से छनकर जो पुख्ता खबरें आ रही हैं, उनके मुताबिक ममता बनर्जी को उनके ही गढ़ में मात देने वाले कद्दावर नेता सुवेंदु अधिकारी का मुख्यमंत्री बनना लगभग तय है।

शुक्रवार को सस्पेंस से उठेगा पर्दा: अमित शाह करेंगे बड़ा ऐलान

पार्टी के भीतर चल रही रणनीतिक हलचल को देखें तो शुक्रवार का दिन बंगाल के लिए बेहद अहम होने वाला है। राजधानी कोलकाता में भाजपा विधायक दल की एक अहम बैठक बुलाई गई है। सूत्रों की मानें तो इस बैठक में सुवेंदु अधिकारी को औपचारिक रूप से विधायक दल का नेता चुन लिया जाएगा। इस पूरी राजनीतिक प्रक्रिया को संपन्न कराने के लिए भाजपा आलाकमान ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। खबर है कि प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य मुख्यमंत्री के तौर पर सुवेंदु के नाम का प्रस्ताव रखेंगे और अमित शाह इस पर अंतिम मुहर लगाते हुए आधिकारिक घोषणा करेंगे।

‘बंगाली मानुष’ को मिलेगी सत्ता की चाबी?

चुनाव प्रचार के दौरान ही गृह मंत्री अमित शाह और पार्टी के अन्य शीर्ष नेताओं ने राज्य के मतदाताओं को यह आश्वस्त कर दिया था कि बंगाल का अगला मुख्यमंत्री कोई ‘बाहरी’ नहीं, बल्कि इसी धरती का लाल होगा। भाजपा ने 293 सीटों वाली विधानसभा में शानदार प्रदर्शन करते हुए यह साबित कर दिया कि वह राज्य की नब्ज पकड़ चुकी है। ऐसे में एक मजबूत और स्थानीय बंगाली चेहरे के रूप में सुवेंदु अधिकारी पार्टी के इस वादे पर बिल्कुल खरे उतरते हैं।

भवानीपुर का महामुकाबला: ‘दीदी’ को दूसरी बार दी करारी शिकस्त

राजनीति में सुवेंदु अधिकारी का यह मुकाम यूं ही नहीं बना है। उनके राजनैतिक सफर को देखें तो साल 2021 में उन्होंने टीएमसी से बगावत कर नंदीग्राम में ममता बनर्जी को कड़े मुकाबले में हराया था। इसके बाद 2026 के इस ताज़ा चुनाव में भाजपा ने एक बड़ा दांव खेलते हुए सुवेंदु को सीधा मुख्यमंत्री के मजबूत गढ़ माने जाने वाले भवानीपुर से मैदान में उतार दिया। मतगणना के शुरुआती रुझानों में ममता बनर्जी ने करीब 17 हजार वोटों की भारी बढ़त बना ली थी, लेकिन 20वें राउंड की गिनती खत्म होते-होते पासा पूरी तरह पलट गया। सुवेंदु अधिकारी ने करीब 15 हजार वोटों के बड़े अंतर से ‘दीदी’ को उनके ही घर में पटखनी दे दी। हालांकि, इस हार के बाद टीएमसी प्रमुख ने चुनाव आयोग पर साजिश के आरोप लगाए हैं।

सुरक्षित और समृद्ध बंगाल का वादा मुख्यमंत्री पद की रेस में सबसे आगे चल रहे सुवेंदु अधिकारी ने इस ऐतिहासिक जीत के बाद राज्य की जनता के प्रति आभार व्यक्त किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नई सरकार का मुख्य एजेंडा केवल सत्ता चलाना नहीं, बल्कि समावेशी विकास और जनसेवा होगा। सुवेंदु ने भरोसा दिलाया है कि उनकी सरकार एक सुरक्षित, विकसित और आर्थिक रूप से समृद्ध पश्चिम बंगाल बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। बदलाव की इस दहलीज पर खड़ा बंगाल अब अपनी नई सरकार से स्थिर कानून-व्यवस्था और बेहतर व्यापारिक माहौल की उम्मीद कर रहा है।