मायावती का एक्शन मोड जारी: भतीजे के बाद भाई को भी पद से हटाया, रणधीर बेनीवाल को मिली नई जिम्मेदारी

मायावती का एक्शन मोड जारी: भतीजे के बाद भाई को भी पद से हटाया, रणधीर बेनीवाल को मिली नई जिम्मेदारी

बसपा सुप्रीमो मायावती इन दिनों पूरे एक्शन मोड में नजर आ रही हैं। पिछले कुछ दिनों से वह पार्टी के अंदर बड़े बदलाव कर रही हैं। पहले उन्होंने अपने भतीजे आकाश आनंद को सभी पदों से हटाया और फिर पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया। अब उनकी नजर अपने भाई आनंद कुमार पर पड़ी है। मायावती ने आनंद कुमार को राष्ट्रीय संयोजक के पद से हटा दिया है। हालांकि, वह अब भी पार्टी के उपाध्यक्ष पद पर बने रहेंगे। इसके साथ ही, मायावती ने रणधीर बेनीवाल को नया नेशनल कोऑर्डिनेटर नियुक्त किया है।

मायावती ने X पर दी जानकारी

मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पहले ट्विटर) पर एक पोस्ट करके इस बदलाव की जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि आनंद कुमार ने पार्टी और आंदोलन के हित में एक पद पर काम करने की इच्छा जताई थी, जिसे स्वीकार कर लिया गया है। अब वह पहले की तरह राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पद पर रहेंगे और मायावती के निर्देशन में काम करेंगे।

 

इसके साथ ही, मायावती ने रणधीर बेनीवाल को नया नेशनल कोऑर्डिनेटर नियुक्त किया है। बेनीवाल सहारनपुर के रहने वाले हैं और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में से एक हैं। अब वह और बसपा के राज्यसभा सांसद रामजी गौतम, दोनों पार्टी के नेशनल कोऑर्डिनेटर के रूप में मायावती के निर्देशन में विभिन्न राज्यों की जिम्मेदारी संभालेंगे।

भतीजे को पार्टी से बाहर किया था

मायावती ने इससे पहले भी एक बड़ा फैसला लेते हुए अपने भतीजे आकाश आनंद को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था। आकाश आनंद को सभी पदों से हटा दिया गया था। यह फैसला बसपा के अंदर एक बड़े बदलाव की ओर इशारा करता है। मायावती इन दिनों पार्टी के अंदर और बाहर दोनों जगह सक्रिय हैं। उन्होंने हाल ही में योगी आदित्यनाथ सरकार पर मुसलमानों के साथ सौतेला व्यवहार करने का आरोप भी लगाया था।

72 घंटों में बदला फैसला

मायावती ने रविवार को ही अपने भाई आनंद कुमार को नेशनल कोऑर्डिनेटर नियुक्त किया था। उस समय उन्होंने कहा था कि आनंद कुमार पार्टी के लिए बेहतर काम करेंगे। लेकिन महज 72 घंटों के भीतर ही मायावती ने अपना फैसला बदल दिया और आनंद कुमार को इस पद से हटा दिया। यह फैसला पार्टी के अंदर और बाहर दोनों जगह चर्चा का विषय बना हुआ है।

क्या है मायावती की रणनीति?

मायावती के इन फैसलों को लेकर राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि वह पार्टी के अंदर एक नई रणनीति पर काम कर रही हैं। पिछले कुछ समय से बसपा का प्रदर्शन चुनावों में कमजोर रहा है। ऐसे में मायावती पार्टी के अंदर बदलाव करके इसे फिर से मजबूत करना चाहती हैं। इसके साथ ही, वह पार्टी के युवा नेताओं को आगे लाने की कोशिश कर रही हैं।

रणधीर बेनीवाल कौन हैं?

रणधीर बेनीवाल बसपा के वरिष्ठ नेताओं में से एक हैं। वह सहारनपुर के रहने वाले हैं और पार्टी के अंदर उनकी पकड़ मजबूत मानी जाती है। उन्हें नेशनल कोऑर्डिनेटर का पद सौंपा जाना इस बात का संकेत है कि मायावती उन पर भरोसा करती हैं। बेनीवाल के साथ ही रामजी गौतम भी पार्टी के नेशनल कोऑर्डिनेटर के रूप में काम करेंगे।

पार्टी के अंदर क्या है माहौल?

मायावती के इन फैसलों को लेकर पार्टी के अंदर कई तरह की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। कुछ लोग इसे सही कदम मान रहे हैं तो कुछ का मानना है कि यह फैसला पार्टी के अंदर असंतोष पैदा कर सकता है। हालांकि, मायावती की पकड़ बसपा के अंदर मजबूत है और उनके फैसलों को चुनौती देने की हिम्मत किसी में नहीं है।