अमित शाह का दावा — बिहार में NDA जीतेगा 160 से ज्यादा सीटें, क्या 2010 का रिकॉर्ड टूटेगा?

अमित शाह का दावा — बिहार में NDA जीतेगा 160 से ज्यादा सीटें, क्या 2010 का रिकॉर्ड टूटेगा?

बिहार विधानसभा में NDA 160 से ज्यादा सीटें जीतने का दावा कर रहाहैकेंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक इंटरव्यू में कहा कि 14 नवंबर को जब चुनाव नतीजे आएंगे तो एनडीए 160 से ज्यादा सीटों पर जीत हासिल करेगाउन्होंने कहा कि हमारे गठबंधन की सभी पार्टियां का स्ट्राइक रेट अच्छा रहेगाइस दावे के बाद सवाल उठ रहा है कि क्या एनडीए बिहार में अपने पीक को भी पार कर लेगा.

नीतीश कुमार 20 साल से बिहार की सत्ता पर काबिज हैं. ज्यादातर वह NDA के साथ ही रहे हैं. 2015 का चुनाव छोड़ दें तो बाकी सभी चुनाव वह बीजेपी के साथ मिलकर लड़े हैं. यही वो चुनाव था जिसमें नीतीश के साथ न रहने का NDA को नुकसान हुआ था. इस चुनाव में बीजेपी के नेतृत्व वाले इस गठबंधन को महज 58 सीटों पर जीत मिली थी.

2015 में आरजेडी बनी थी सबसे बड़ी पार्टी

2015 के विधानसभा चुनाव में जेडीयू, आरजेडी साथ लड़ी थीं. इनके साथ कांग्रेस भी थी. नीतीश के नेतृत्व में ये चुनाव लड़ा गया था. आरजेडी और जेडीयू 101 सीट और कांग्रेस 42 सीटों पर लड़ी थी. एनडीए में बीजेपी, एलजेपी, राष्ट्रीय लोक समता पार्टी, हम थी. बीजेपी 157 सीटों पर चुनाव लड़ी थी. चुनाव नतीजों में आरजेडी सबसे बड़ी पार्टी बनी थी. उसने 80 सीटों पर जीत हासिल की थी. जेडीयू को 71 सीटों पर जीत मिली थी. जबकि कांग्रेस ने 27 सीटों पर जीत दर्ज की थी. एनडीए में बीजेपी 53, एलजेपी 2, आरएलएसपी 2 और हम सिर्फ 1 सीट जीत पाई थी. ये वो चुनाव था जिसे एनडीए नहीं याद रखना चाहेगा.

2010 में आया था एनडीए का पीक

बिहार में एनडीए का पीक 2010 में आया था. गठबंधन के लिए ये चुनाव यादगार रहा था. 206 सीटों पर उसने जीत दर्ज की थी. जेडीयू 141 और बीजेपी 102 सीटों पर लड़ी थी. वहीं विपक्षी गठबंधन में आरजेडी 168 और एलजेपी 75 सीटों पर लड़ी थी. कांग्रेस सभी 243 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारी थी. इस चुनाव में एनडीए के खाते में 206 सीटें आई थीं. अकेले जेडीयू 115 सीट जीती थी. बीजेपी को 91 सीटों पर जीत मिली थी. विपक्ष में आरजेडी को 22, एलजेपी को 3 और कांग्रेस को 4 सीट पर जीत मिली थी.

2005 में क्या थे नतीजे

ये वो साल था जब बिहार में सत्ता बदली थी. लालू राज का अंत हुआ था. नीतीश कुमार सत्ता में आए थे. एनडीए की सरकार बनी थी. इस इलेक्शन में जेडीयू 139 और बीजेपी 102 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारी थी. नीतीश की पार्टी 88 और बीजेपी 55 सीटों पर जीत दर्ज की थी. आरजेडी को 54 सीटों पर जीत मिली थी. कांग्रेस के सिर्फ उम्मीदवार ही जीत पाए थे.

2020 में बीजेपी बनी सबसे बड़ी पार्टी

वहीं, 2020 के चुनाव में नीतीश कुमार की जेडीयू 115 और बीजेपी 110 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारी थी. इसमें बीजेपी 74 और जेडीयू 43 सीटों पर जीती थी. गठबंधन की अन्य पार्टियां हम 4 और वीआईपी 4 सीटें जीत पाई थीं.