Kharmas 2025: कल से शुरू हो रहा है खरमास, 30 दिन तक बंद रहेंगे विवाह-गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्य

Kharmas 2025: कल से शुरू हो रहा है खरमास, 30 दिन तक बंद रहेंगे विवाह-गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्य

Kharmas 2025: हिंदू धर्म शास्त्रों में खरमास अशुभ माना गया है. खरमास की अवधि एक माह की होती है. खरमास को मलमास भी कहा जाता है. जब भगवान सूर्य गुरु बृहस्पति की राशि धनु में प्रवेश करते हैं, तो खरमास लग जाता है. धनु राशि में प्रवेश करते ही भगवान सूर्य का तेज कम हो जाता है. खरमास के दौरान शुभ और मांलगलिक काम जैसे विवाह, उपनयन संस्कार, गृह प्रवेश आदि पर रोक लगा दी जाती है.

हिंदू मान्यताओं के अनुसार, खरमास की अवधि में शुभ और मांगलिक कामों का पूर्ण फल प्राप्त नहीं होता. इस साल कल से खरमास की शुरुआत हो रही है, इसलिए कल से 30 दिनों तक कोई शुभ और मांगलिक काम नहीं होंगे. भगवान सूर्य के अगले महीने 14 तारीख को मकर राशि में प्रवेश करने के बाद खरमास समाप्त होगा. इसके बाद फिर से शुभ और मांगलिक काम प्रांरभ हो जाएंगे.

कल से हो रही है खरमास की शुरुआत

साल 2025 में खरमास की शुरुआत कल यानी 16 दिसंबर की रात 10 बजकर 19 मिनट से होगी. इस समय सूर्य वृश्चिक राशि से निकलकर धनु राशि में प्रवेश करेंगे. इसी के साथ खरमास लग जाएगा. सूर्य देव के धनु राशि में प्रवेश करने पर धनु संक्राति का पर्व मनाया जाता है. धनु संक्रांति कल मनाई जाने वाली है. खरमास की शुरुआत होने के बाद कोई भी शुभ और मांगलिक काम नहीं किए जा सकते.

खरमास में क्यों नहीं होते शुभ काम

शास्त्रों में बताया गया है कि खरमास के दौरान सूर्य देव के तेज में कमी आ जाती है. इसी वजह से विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश, नामकरण जैसे शुभ संस्कार इस अवधि में नहीं होते. ये समय आत्मचिंतन और संयम का होता है. ये समय शुभ कामों के लिए भले ही अच्छा नहीं माना जाता, लेकिन ये समय पूजा और साधना के लिए श्रेष्ठ माना जाता है.

इस महीने में भगवान विष्णु, सूर्य देव और श्रीकृष्ण की पूजा करने से विशेष फल मिलता है. खरमास की अवधि के दौरान राम नाम जप, गीता पाठ और विष्णु सहस्रनाम का पाठ भी करना चाहिए.