पाकिस्तान ने रविवार तड़के अफगानिस्तान के सीमाई इलाके में 7 जगहों पर हमले किए, जिसमें दर्जनों आम नागरिकों की मौत हुई है. पाकिस्तान सेना ने अपनी सुरक्षा नाकामियों को छिपाने के लिए यह हमला कर तो दिया, लेकिन अब उसको तालिबान के जवाब का डर सता रहा है. तालिबान के रक्षा मंत्रालय ने साफ किया है कि पाकिस्तान के इस हमले का जवाब सही समय पर दिया जाएगा.
अब पाक सेना अंतरराष्ट्रीय कम्यूनिटी से गुहार लगा रही है कि वह तालिबान पर दबाव बनाए. हमले के बाद पाकिस्तान के अधिकारिक बयान में कहा गया है कि हालिया आत्मघाती हमले- जो इस्लामाबाद, बाजौर और बन्नू में हुए, उनके बाद खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई की गई है.
सरकार का दावा है कि इन हमलों की जिम्मेदारी पाकिस्तानी तालिबान और इस्लामिक स्टेट खुरासान प्रांत (ISKP) ने ली थी, जिनका नेतृत्व अफगानिस्तान से किया जाता है. पाकिस्तान के बयान में कहा गया है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय अफगानिस्तान पर दोहा समझौते का पालन करने के लिए दबाव बनाए.



