सपा से नाराज जनवादी पार्टी अब बीजेपी के साथ, जानिए यूपी में इस पार्टी के वोटरों की कितनी है ताकत?

सपा से नाराज जनवादी पार्टी अब बीजेपी के साथ, जानिए यूपी में इस पार्टी के वोटरों की कितनी है ताकत?

वाराणसी। लोकसभा चुनाव के 3 दौर बचे हैं। 20 मई को पांचवें दौर की वोटिंग होनी है। इससे पहले बीजेपी को यूपी में जनवादी पार्टी का समर्थन मिला है। जनवादी पार्टी पहले सपा के साथ थी। अब जनवादी पार्टी के अध्यक्ष संजय चौहान ने बीजेपी का समर्थन करने का एलान किया है।

हिंदी अखबार दैनिक जागरण के अनुसार जनवादी पार्टी अध्यक्ष संजय चौहान ने अपने सभी प्रत्याशियों को हटाने का भी एलान किया। उन्होंने समर्थन की चिट्ठी यूपी बीजेपी अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी को सौंपा। जनवादी पार्टी के बीजेपी के पक्ष में आने से पूर्वांचल समेत यूपी के तमाम जिलों में इसके वोट बैंक लोनिया चौहान बिरादरी का वोट मिलने के आसार हैं।

यूपी में लोनिया चौहान बिरादरी के करीब 40 लाख वोटर हैं। लोनिया चौहान ओबीसी में आते हैं। खासकर पूर्वांचल के वाराणसी, चंदौली, मिर्जापुर, आजमगढ़, घोसी, गाजीपुर, बलिया, जौनपुर, भदोही, आंबेडकरनगर, कुशीनगर, देवरिया और सलेमपुर लोकसभा सीटों पर लोनिया चौहान वोटर काफी संख्या में हैं।

अखबार की खबर के अनुसार जनवादी पार्टी के अध्यक्ष संजय चौहान सपा से खुद के लिए घोसी लोकसभा सीट से टिकट मांग रहे थे, लेकिन अखिलेश यादव ने उनकी मांग नहीं मानी। घोसी सीट से सपा ने राजीव राय को उम्मीदवार बना दिया। इससे खफा होकर संजय चौहान ने सपा से किनारा कर लिया और पूर्वांचल की 11 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारने का एलान किया था। अखबार के मुताबिक संजय चौहान ने दावा किया कि अब बीजेपी को समर्थन देने से सपा को पूर्वांचल में जोर का झटका लगने वाला है।

संजय चौहान की जनवादी पार्टी को 2014 और 2017 के चुनाव में यूपी में 2 फीसदी वोट मिले थे। 2019 के लोकसभा चुनाव में संजय चौहान ने चंदौली सीट पर बीजेपी के महेंद्र नाथ पांडेय से मुकाबला किया था और 13959 वोट से हारे थे। इसी से साफ है कि पूर्वांचल में जनवादी पार्टी के लोनिया चौहान वोटों का प्रतिशत बीजेपी के पक्ष में जाने से माहौल किस तरह बदल सकता है।